लाल किला कार बम धमाका मामले में 9 आरोपियों की न्यायिक हिरासत 12 अगस्त तक बढ़ी, NIA की 7,500 पन्नों की चार्जशीट पर सुनवाई जारी

नई दिल्ली: दिल्ली के ऐतिहासिक लाल किला कार बम विस्फोट मामले में राउज एवेन्यू कोर्ट स्थित विशेष एनआईए (NIA) अदालत ने मंगलवार को 9 आरोपियों की न्यायिक हिरासत 12 अगस्त 2026 तक बढ़ा दी। विशेष न्यायाधीश (एनआईए) प्रशांत शर्मा की अदालत ने यह आदेश राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) द्वारा दाखिल चार्जशीट पर सुनवाई के दौरान जारी किया।

वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए हुई पेशी

सुनवाई के दौरान एनआईए ने सभी 9 आरोपियों को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से अदालत में पेश किया। इनमें आमिर रशीद मीर, जासिर बिलाल वानी, डॉ. मुजमिल शकील, डॉ. आदिल अहमद राथर, डॉ. शाहीन सईद, मुफ्ती इरफान अहमद वागय, सोयब, डॉ. बिलाल नसीर मल्ला और यासिर अहमद दार शामिल हैं।

अदालत ने अभियोजन और बचाव पक्ष की दलीलें सुनने के बाद मामले की अगली सुनवाई तक सभी आरोपियों की न्यायिक हिरासत बढ़ाने का आदेश दिया।

7,500 पन्नों की चार्जशीट दाखिल

एनआईए ने इस मामले में 10 आरोपियों के खिलाफ करीब 7,500 पन्नों की चार्जशीट दाखिल की है। जांच एजेंसी के अनुसार, मामले का मुख्य साजिशकर्ता डॉ. उमर उन नबी विस्फोट के दौरान मारा गया था।

11 लोगों की हुई थी मौत

एनआईए के अनुसार, 10 नवंबर 2025 को लाल किला क्षेत्र में हुए वाहन आधारित विस्फोटक (VBIED) हमले में 11 लोगों की मौत हुई थी, जबकि कई अन्य घायल हुए थे। जांच एजेंसी का दावा है कि विस्फोट में ट्रायसिटोन ट्रायपरऑक्साइड (TATP) जैसे उच्च क्षमता वाले विस्फोटक का इस्तेमाल किया गया था।

जांच में क्या-क्या सामने आया?

एनआईए के आरोपों के अनुसार—

  • सभी आरोपी कथित रूप से अंसार गजवत-उल-हिंद (AGuH) से जुड़े थे।
  • एजेंसी का दावा है कि आरोपियों ने कथित ‘ऑपरेशन हेवनली हिंद’ के तहत लोकतांत्रिक सरकार के खिलाफ साजिश रची।
  • जांच में कई डॉक्टरों और अन्य पेशेवरों की कथित संलिप्तता सामने आई है।
  • आरोपियों के पास से AK-47, क्रिंकोव राइफल तथा रॉकेट और ड्रोन आधारित IED परीक्षणों से जुड़े कथित साक्ष्य मिलने का दावा किया गया है।

588 गवाह और 395 से अधिक दस्तावेज

एनआईए ने जम्मू-कश्मीर, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र और दिल्ली-एनसीआर समेत कई राज्यों में जांच के बाद यह आरोप पत्र तैयार किया है। एजेंसी ने चार्जशीट के समर्थन में 588 गवाहों और 395 से अधिक दस्तावेजों को शामिल किया है।

फिलहाल अदालत एनआईए की चार्जशीट पर विचार कर रही है और मामले की सुनवाई जारी है। आरोपों पर अंतिम निर्णय अदालत की न्यायिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही होगा।

Related Articles

Back to top button