छत्तीसगढ़ में महतारी वंदन KYC में नाम की गड़बड़ी से महिलाओं की बढ़ी चिंता, किस्त बंद होने का डर


रायपुर | अप्रेल 18, 2026 : छत्तीसगढ़ में महतारी वंदन योजना के तहत चल रही ई-केवाईसी प्रक्रिया ने राजधानी रायपुर में हलचल मचा दी है। इस प्रक्रिया के चलते आंगनबाड़ी केंद्रों में हितग्राहियों की लंबी कतारें देखी जा रही हैं, और महिलाओं के बीच किस्त बंद होने का डर बढ़ गया है।
नाम में गड़बड़ी से बढ़ी परेशानी:
महतारी वंदन योजना के तहत महिलाओं को आर्थिक सहायता दी जाती है, लेकिन इस बार ई-केवाईसी के दौरान आधार कार्ड और फॉर्म में भरे गए नाम की स्पेलिंग में अंतर होने से महिलाओं को चिंता हो रही है। छोटी सी गलती, जैसे कि एक अक्षर की गड़बड़ी, कई महिलाओं के लिए भारी पड़ रही है, और उन्हें डर है कि उनके खातों से किस्तें बंद हो सकती हैं।
आंगनबाड़ी केंद्रों में भारी भीड़:
इस समस्या के कारण राजधानी के विभिन्न आंगनबाड़ी केंद्रों में महिलाओं की भीड़ लगी हुई है। बड़ी संख्या में महिलाएं अपने दस्तावेजों को ठीक कराने और ई-केवाईसी प्रक्रिया पूरी करने के लिए केंद्रों पर पहुंच रही हैं।
महिला एवं बाल विकास विभाग की त्वरित सफाई:
महिला एवं बाल विकास विभाग ने इस मामले में आश्वासन दिया है कि किसी भी पात्र हितग्राही की किस्त बंद नहीं होगी। विभाग ने स्पष्ट किया कि महिला हितग्राही को चिंता करने की आवश्यकता नहीं है, क्योंकि ई-केवाईसी प्रक्रिया जून तक चलेगी, और तब तक सभी गलती सुधारने का अवसर दिया जाएगा।
सशक्तिकरण की दिशा में एक कदम:
इस प्रक्रिया का उद्देश्य महतारी वंदन योजना के तहत महिलाओं को सही तरीके से लाभ पहुंचाना है, लेकिन नाम में गड़बड़ी के कारण उत्पन्न यह चिंता इस बात की ओर इशारा करती है कि और भी बेहतर तरीके से इस योजना को लागू करने की आवश्यकता है।
निष्कर्ष:
महतारी वंदन योजना के तहत महिलाओं को मिलने वाली सहायता में कोई रुकावट न हो, इसके लिए सभी हितग्राहियों को जल्दी से जल्दी अपनी KYC प्रक्रिया पूरी करनी होगी। महिला एवं बाल विकास विभाग का आश्वासन है कि सभी पात्र महिलाओं को योजना का लाभ मिलेगा, लेकिन छोटे-मोटे बदलावों को सुधारने के लिए समय रहते कदम उठाना जरूरी है।



