छत्तीसगढ़ में जमीन खरीदने वालों के लिए बड़ी खबर, पत्नी के नाम रजिस्ट्री कराने पर 50% शुल्क में छूट

Chhattisgarh Land Registry: छत्तीसगढ़ में जमीन, मकान और प्लॉट खरीदने वालों के लिए बड़ी खबर है। महिलाओं के नाम संपत्ति की रजिस्ट्री कराने पर पंजीयन शुल्क में 50 प्रतिशत की छूट का प्रावधान है। ऐसे में त्योहारी सीजन में प्रॉपर्टी खरीदने की तैयारी कर रहे लोग इसका लाभ उठा सकते हैं। गणेश चतुर्थी के साथ ही प्रदेश में प्रॉपर्टी की खरीद-बिक्री और रजिस्ट्री का कारोबार बढ़ने की संभावना है।

गणेश चतुर्थी के बाद नवरात्रि, दशहरा और दीपावली जैसे प्रमुख त्योहार आने वाले हैं। इन अवसरों पर शुभ मुहूर्त में जमीन-मकान खरीदना और रजिस्ट्री कराना लोग शुभ मानते हैं। इसे देखते हुए पंजीयन विभाग ने भी त्योहारी सीजन में रजिस्ट्री संबंधी व्यवस्थाओं को लेकर तैयारी शुरू कर दी है। जरूरत के अनुसार अवकाश के दिनों में भी रजिस्ट्री की व्यवस्था की जाएगी।

पिछले साल के मुकाबले बढ़ीं रजिस्ट्रियां

छत्तीसगढ़ में संपत्ति पंजीयन के आंकड़ों में लगातार वृद्धि दर्ज की जा रही है। वित्तीय वर्ष 2026-27 में 1 अप्रैल से 8 सितंबर तक प्रदेश में कुल 1,60,981 दस्तावेजों का पंजीयन हुआ है। वहीं, पिछले वित्तीय वर्ष की इसी अवधि में 1,42,187 रजिस्ट्रियां हुई थीं।

इस तरह इस वित्तीय वर्ष में अब तक पिछले साल की समान अवधि की तुलना में 18,794 अधिक दस्तावेजों का पंजीयन हुआ है। यह करीब 13.2 प्रतिशत की वृद्धि है। जुलाई महीने में रजिस्ट्री में करीब 30 प्रतिशत, जबकि 1 से 31 अगस्त 2026 के दौरान करीब 38 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई।

महिलाओं के नाम रजिस्ट्री पर 50 फीसदी छूट

संपत्ति पंजीयन में महिलाओं की हिस्सेदारी बढ़ाने के लिए मई 2026 में महिलाओं के नाम संपत्ति खरीदने पर पंजीयन शुल्क में 50 प्रतिशत की छूट का प्रावधान किया गया। इसका असर भी रजिस्ट्री के आंकड़ों में दिखाई दे रहा है।

प्रावधान लागू होने के करीब चार महीने में ही 40,886 से अधिक पंजीयन दस्तावेज महिलाओं के नाम दर्ज किए जा चुके हैं। ऐसे में पति या परिवार के सदस्य संपत्ति खरीदते समय महिला के नाम पर रजिस्ट्री कराने के विकल्प पर विचार कर सकते हैं और नियमानुसार शुल्क में मिलने वाली छूट का लाभ उठा सकते हैं।

इन दस्तावेजों पर भी शुल्क घटा

राज्य में परिवार के भीतर होने वाले दानपत्र, हकत्याग पत्र और बंटवारा जैसे दस्तावेजों पर पंजीयन शुल्क घटाकर 500 रुपए किया गया है। इसके अलावा सैनिकों, भूतपूर्व सैनिकों और उनकी विधवाओं को स्टाम्प शुल्क में 25 प्रतिशत की छूट का प्रावधान किया गया है।

विभिन्न प्रावधानों के तहत नागरिकों को करीब 1,100 करोड़ रुपए की पंजीयन शुल्क संबंधी रियायतें दी गई हैं। इसके साथ ही लोगों को घर बैठे रजिस्ट्री कराने की सुविधा भी उपलब्ध कराई जा रही है।

रजिस्ट्री के साथ शुरू हो जाता है नामांतरण

पंजीयन प्रक्रिया को आसान और पारदर्शी बनाने के लिए राज्य में कई बदलाव किए गए हैं। अब रजिस्ट्री के साथ ही नामांतरण की प्रक्रिया स्वत: शुरू हो जाती है। इससे संपत्ति खरीदारों को अलग से नामांतरण की प्रक्रिया शुरू कराने के लिए कार्यालयों के चक्कर लगाने की जरूरत कम हुई है।

राज्य में अब तक 2.78 लाख से अधिक स्वत: नामांतरण पूरे किए जा चुके हैं।

त्योहारी सीजन को लेकर पंजीयन विभाग की तैयारी

त्योहारी सीजन में शुभ मुहूर्त के चलते हर साल संपत्ति की खरीद-बिक्री और रजिस्ट्री में तेजी देखने को मिलती है। इस बार भी गणेश चतुर्थी से दीपावली तक रजिस्ट्री बढ़ने की संभावना को देखते हुए पंजीयन कार्यालयों को विशेष निर्देश दिए गए हैं।

विभाग की ओर से रजिस्ट्री का काम बाधित न हो, इसके लिए तकनीकी व्यवस्थाओं पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है। जरूरत के अनुसार अवकाश के दिनों में भी रजिस्ट्री की सुविधा उपलब्ध कराने की तैयारी है।

Related Articles

Back to top button